Grow with Confidence
Grow with Kepto Agro
Product Description
🌿 परिचय
स्टीविया एक औषधीय और हर्बल पौधा है जिसकी पत्तियां प्राकृतिक रूप से मीठी होती हैं। इसमें कैलोरी बहुत कम होती है, इसलिए इसे शुगर के विकल्प के रूप में उपयोग किया जाता है। स्टीविया का उपयोग दवाइयों, हेल्थ सप्लीमेंट, चाय, और फूड इंडस्ट्री में तेजी से बढ़ रहा है, जिससे इसकी खेती किसानों के लिए लाभदायक बन रही है।
🌾 उपयुक्त मिट्टी और जलवायु
- स्टीविया की खेती के लिए अच्छी जल निकासी वाली दोमट मिट्टी उपयुक्त होती है।
- मिट्टी का pH मान 6 से 7.5 के बीच होना चाहिए।
- मध्यम और गर्म जलवायु इसके लिए अच्छी होती है।
- पानी का जमाव पौधों के लिए हानिकारक होता है।
🌱 बुवाई / रोपाई का समय
- फरवरी से मार्च
- जुलाई से अगस्त
🌿 पौध लगाने की विधि
- स्टीविया की खेती बीज से कम और कटिंग (पौध) से अधिक की जाती है।
- पौधों को लगभग 30 × 30 सेंटीमीटर की दूरी पर लगाएं।
- एक एकड़ खेत में लगभग 40,000 से 50,000 पौधे लगाए जा सकते हैं।
- रोपाई से पहले गोबर की खाद डालना लाभदायक होता है।
🌾 उत्पादन
- स्टीविया की पहली कटाई लगभग 3 से 4 महीने में हो जाती है।
- साल में 3 से 4 बार कटाई की जा सकती है।
- एक एकड़ खेत से लगभग 25 से 35 क्विंटल सूखी पत्तियां प्राप्त हो सकती हैं।
💰 संभावित मुनाफा
- स्टीविया की पत्तियों की बाजार में अच्छी कीमत मिलती है।
- एक एकड़ खेती से किसान लगभग ₹2 लाख से ₹5 लाख तक का मुनाफा कमा सकते हैं।
🌱 स्टीविया की खेती के फायदे
✔ शुगर का प्राकृतिक विकल्प होने के कारण इसकी मांग तेजी से बढ़ रही है।
✔ साल में कई बार कटाई से लगातार आय होती है।
✔ औषधीय और हेल्थ इंडस्ट्री में इसका उपयोग होता है।
✔ कम क्षेत्र में अधिक लाभ देने वाली फसल है।
👨🌾 किसानों के लिए सुझाव
- पौधों में पानी का जमाव न होने दें।
- समय-समय पर कटाई करें ताकि नई पत्तियां तेजी से उगें।
- जैविक खाद का उपयोग करें।
- अच्छी गुणवत्ता की पौध का चयन करें।







